Amol dil se

Amol dil se

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अपने अपने हिस्सों का नज़ारा देखना
मैं तूफान देखु तुम किनारा देखना
जिंदगी बहुत जादू भरी है दोस्त
मैंने सिख किया हरइक नज़ारा देखना
कासा तो देखो हरेक हाथ में है
अब सोचो इनमे क्या सहारा देखना
         अमोल

: न राह है न हमसफ़र कोई
तन्हाई में आता नहीं नज़र कोई
किस सिम्त कदमो को ले के चलू
दिखाता नहीं मंज़िले सहर कोई।।
       अमोल

: इतना प्यार में खो जाऊँगा
न चाह के भी तेरा हो जाऊँगा
मैं रहूंगा जिन्दा तेरे दिल में
ये किसने कहा मैं सो जाऊँगा
         अमोल

: तेरे आँखों से आँसू चुरा लूँगा
ए जिन्दगी इतना प्यार दूंगा
ये मोती अब जाया नहीं होंगे
तेरे सामने दामन फैला दूंगा
       अमोल

: न राह है न हमसफ़र कोई
तन्हाई में आता नहीं नज़र कोई
किस सिम्त कदमो को ले के चलू
दिखाता नहीं मंज़िले सहर कोई।।
       अमोल

: खुदा हाफ़िज़ यारो खुदा हाफ़िज़
मंज़िल ओ राहगुज़ारो खुदा हाफ़िज़
बस इसी वक़्त मिलूंगा मुसलसल
अरे ओ जानिसारो खुदा हाफ़िज़
यारो खुदा हाफ़िज़
      अमोल
[
: सिर्फ दैरो हरम रह गये
बगैर रूह के  सनम रह गये
कुछ अलग ही नज़र है मुझे
बस जुबाँ पे करम रह गये
       अमोल

: इतना प्यार में खो जाऊँगा
न चाह के भी तेरा हो जाऊँगा
मैं रहूंगा जिन्दा तेरे दिल में
ये किसने कहा मैं सो जाऊँगा
         अमोल

: तेरे आँखों से आँसू चुरा लूँगा
ए जिन्दगी इतना प्यार दूंगा
ये मोती अब जाया नहीं होंगे
तेरे सामने दामन फैला दूंगा
       अमोल

: दर्द गम ओ उदासियाँ दे जा
मेरे हिस्से की सब तन्हाईयाँ दे जा
मुझे लहरो में रहने की आदत नहीं
सागरे दिल की गहराईयाँ दे जा
       अमोल

: नाकाम सी रवानी ये इश्क़ की कहानी
कब हुए है पुरे ये ख्वाब आसमानी
सब अपने अपने गम ढूंढते है कलामो में
कोई किसी की किसलिये करे है कद्रदानी
              अमोल

जब भीतूने याद किया
ये दिल कितना शाद किया
रोज़ सितारे छुता हूँ
ऐसे क्यों आज़ाद किया
        अमोल

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